• CGHB Arbitration Act 1940 ke through dispute resolution ka process

    CGHB (छत्तीसगढ़ हाउसिंग बोर्ड) की Lease Deed में अक्सर यह शर्त होती है कि बोर्ड और आवंटितकर्ता (allottee) के बीच कोई भी विवाद होने पर सीधे कोर्ट जाने के बजाय Arbitration Act, 1940 के तहत एक मध्यस्थ (Arbitrator) द्वारा विवाद का समाधान (Dispute Resolution) कराया जाएगा। जब CGHB और आवंटितकर्ता के बीच किसी नियम उल्लंघन…

  • CGHB lease mein “re-entry clause” ka matlab — kab lessor plot wapas le sakta hai

    CGHB (छत्तीसगढ़ हाउसिंग बोर्ड) की Lease Deed (पट्टा विलेख) में “Re-entry clause” (पुनः प्रवेश अधिकार) का मतलब है कि अगर आवंटितकर्ता (allottee) बोर्ड के नियमों की गंभीर उल्लंघन करता है, तो बोर्ड (Lessor) को बिना आपकी इच्छा के प्लॉट या फ्लैट पर दोबारा कब्ज़ा (re-enter) करने और उसे वापस लेने का कानूनी अधिकार है। जब…

  • CGHB Awas Yojna flat ka common area/maintenance kaun handle karta hai

    CGHB (छत्तीसगढ़ हाउसिंग बोर्ड) के फ्लैट के Common Area (साझा क्षेत्र) जैसे लिफ्ट, सीढ़ियां, पार्किंग और बिल्डिंग के बाहरी हिस्से की देखभाल (maintenance) शुरुआत में बोर्ड खुद करता है, लेकिन आवंटितकर्ताओं (allottees) की सोसाइटी (Society/Association) बनने के बाद यह ज़िम्मेदारी सोसाइटी की हो जाती है। फ्लैट खरीदने वाले अक्सर सोचते हैं कि बिल्डिंग के बाहर…

  • Gift deed mein Section 165 CG Land Revenue Code ka reference kyun hota hai

    कृषि भूमि के दान-पत्र (Gift Deed) में Section 165 (धारा 165) का संदर्भ इसलिए दिया जाता है क्योंकि छत्तीसगढ़ भू-राजस्व संहिता (CG Land Revenue Code) की इस धारा के तहत यह तय किया गया है कि किसान अपनी कृषि भूमि को अपने परिवार के सदस्यों को दान (Gift) या वसीयत (Will) के ज़रिए कैसे ट्रांसफर…

  • Khasra number aur Patwari Halka number ka matlab documents mein

    दस्तावेज़ों में Khasra number (खसरा नंबर) का मतलब है गाँव के राजस्व रिकॉर्ड में आपके खेत या ज़मीन के विशिष्ट भूखंड (Plot) का नंबर। वहीं Patwari Halka number (पटवारी हल्का नंबर) उस राजस्व क्षेत्र का कोड है जिसके अंतर्गत आपकी ज़मीन आती है। प्रॉपर्टी से जुड़े किसी भी कानूनी काम के लिए इन दोनों नंबरों…

  • Property gift karne se pehle encumbrance check kyun zaroori hai

    प्रॉपर्टी दान (Gift) करने से पहले Encumbrance (एनकम्ब्रेंस) चेक करना इसलिए ज़रूरी है ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि प्रॉपर्टी पर कोई पहले से कर्ज़ (Mortgage/Loan) या कानूनी विवाद तो नहीं है। अगर प्रॉपर्टी पहले से बैंक में गिरवी (Mortgaged) है, तो उसे दान में ट्रांसफर नहीं किया जा सकता। जब आप किसी को प्रॉपर्टी…

  • Gift deed revoke/cancel ho sakta hai kya

    दान-पत्र (Gift Deed) को आमतौर पर रजिस्ट्री के बाद रद्द (Revoke/Cancel) नहीं किया जा सकता। हालांकि, Transfer of Property Act के अनुसार, अगर दाता (Donor) और ग्रहीता (Donee) दोनों की आपसी सहमति हो, तो एक ‘रद्दीकरण विलेख’ (Cancellation Deed) बनाकर रजिस्ट्रार में दर्ज कराके इसे रद्द किया जा सकता है। एकतरफा रद्दीकरण बहुत मुश्किल है।…

  • Gift deed vs Will — kaunsa better hai property transfer ke liye

    दान-पत्र (Gift Deed) और वसीयत (Will) दोनों प्रॉपर्टी ट्रांसफर करने के कानूनी तरीके हैं, लेकिन इनमें मुख्य फर्क यह है कि दान-पत्र प्रॉपर्टी का हक तुरंत (जीवित रहते) दे देता है, जबकि वसीयत में प्रॉपर्टी मालिक की मृत्यु के बाद ही ट्रांसफर होती है। अक्सर माता-पिता यह सोचकर घबराते हैं कि अपनी प्रॉपर्टी बच्चों को…

  • Krishi bhoomi (agricultural land) gift karne ka special process CG mein

    छत्तीसगढ़ में कृषि भूमि (Agricultultural Land) को दान (Gift) करने का प्रोसेस सामान्य आवासीय प्रॉपर्टी से अलग है। इसके लिए सब-रजिस्ट्रार में दान-पत्र (Gift Deed) रजिस्टर कराने के साथ-साथ, तहसील कार्यालय में एक आवेदन देना पड़ता है ताकि सरकार यह पुष्टि करे कि दान लेने वाला (ग्रहीता) कृषि करने के योग्य (किसान) है या नहीं।…

  • Gift deed mein daata aur grahita ke rights kya hote hain

    दान-पत्र (Gift Deed) में दाता (Donor) का अधिकार यह होता है कि वह प्रॉपर्टी को बिना किसी शर्त के दान कर सकता है, और एक बार दान देने के बाद उसका प्रॉपर्टी पर सारा मालिकाना हक खत्म हो जाता है। वहीं ग्रहीता (Donee) का अधिकार होता है कि वह उस प्रॉपर्टी का पूरा और स्वतंत्र…